सोहनलाल परिहार
भीम प्रज्ञा न्यूज़.बीकानेर।
संविधान निर्माता, महान समाज सुधारक और भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर के महापरिनिर्वाण दिवस (पुण्यतिथि) पर 6 दिसंबर 2025 को बीकानेर स्थित अंबेडकर सर्किल पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ता, बुद्धिजीवी, विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी और नागरिक उपस्थित रहे।
जिला शहर ओबीसी कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष उमा सुथार ने डॉ. अंबेडकर की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित करते हुए कहा कि डॉ. अंबेडकर का समूचा जीवन गरीबों, दलितों, पिछड़ों और शोषित वर्गों के अधिकारों के लिए संघर्ष में बीता। उन्होंने जो सिद्धांत—समानता, न्याय, मानवाधिकार और सामाजिक समरसता—स्थापित किए, वे आज भी भारत के सामाजिक ढांचे का आधार हैं।
कार्यक्रम में उपस्थित सभी गणमान्य नागरिकों ने पुष्पांजलि अर्पित कर महान विचारक को नमन किया। इन व्यक्तियों में प्रमुख रूप से—
डॉ. मिर्जा हैदर बेग, श्रवण रामावत, नित्यानंद पारीक, उमा सुथार,
साथ ही सामाजिक कार्यकर्ता, स्थानीय नागरिक, युवा प्रतिनिधि तथा कई संगठनों के सदस्य शामिल रहे।
वक्ताओं ने कहा कि डॉ. अंबेडकर के विचार केवल संविधान तक सीमित नहीं, बल्कि जागरूक समाज के निर्माण का सशक्त आधार हैं। उनके दिखाए मार्ग पर चलकर ही एक समावेशी, न्यायपूर्ण और बराबरी वाले समाज का निर्माण संभव है।
श्रद्धांजलि सभा के दौरान सभी उपस्थित लोगों ने यह संकल्प लिया कि वे डॉ. अंबेडकर के आदर्शों—समता, बंधुत्व और न्याय—को जीवन में आत्मसात करते हुए समाज में जागरूकता और सद्भाव का संदेश फैलाते रहेंगे।
कार्यक्रम का समापन जय भीम के नारे और सामाजिक एकता के संदेश के साथ हुआ।
