सोहनलाल परिहार
भीम प्रज्ञा न्यूज़.बीकानेर। बीकानेर जिले के मोटर, ट्रक और अन्य वाणिज्यिक वाहन मालिकों को वाहन फिटनेस प्रमाणपत्र प्राप्त करने में लंबे समय से चली आ रही गंभीर समस्याओं का जल्द समाधान होने की उम्मीद जगी है। जिले में पर्याप्त फिटनेस सेंटर उपलब्ध न होने के कारण वाहन चालकों और मालिकों को प्रमाण पत्र बनवाने के लिए दूर-दराज़ के क्षेत्रों में यात्रा करनी पड़ती है, जिससे उनके समय, धन और श्रम की भारी हानि हो रही है। इन गंभीर समस्याओं को ध्यान में रखते हुए, आज बीकानेर जिले की परिवहन संबंधी स्थितियों पर उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा से फोन पर विस्तृत चर्चा की गई। बातचीत के दौरान मौजूदा व्यवस्थाओं में आ रही दिक्कतों, वाहन मालिकों की परेशानियों और नए फिटनेस सेंटर की अत्यंत आवश्यकता को विस्तारपूर्वक उनके समक्ष रखा गया। चर्चा में बताया गया कि वर्तमान व्यवस्थाएं वाहन मालिकों के लिए अत्यधिक कष्टदायक हैं और वे एक आवश्यक सरकारी सेवा प्राप्त करने के लिए अनावश्यक रूप से परेशान हो रहे हैं। इस संवाद के दौरान, यह मांग प्रमुखता से रखी गई कि बीकानेर जिला मुख्यालय के साथ-साथ जिले के सभी तहसील मुख्यालयों—छतरगढ़, खाजूवाला, लूणकरणसर, नोखा, कोलायत, श्रीडूंगरगढ़ आदि—में नए फिटनेस सेंटर खोले जाएं। इसका मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि हर वाहन मालिक को अपने ही क्षेत्र में सहज और सुगम सेवाएँ उपलब्ध हो सकें, जिससे उन्हें लंबी दूरी की यात्रा से मुक्ति मिल सके।
उपमुख्यमंत्री ने दिया शीघ्र समाधान का आश्वासन
उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने इस पूरे विषय को अत्यंत गंभीरता से सुना। उन्होंने बीकानेर के वाहन मालिकों को आश्वस्त किया कि फिटनेस सेंटर से संबंधित समस्याओं का शीघ्र समाधान किया जाएगा।
डॉ. बैरवा ने कहा कि सरकार वाहन मालिकों की सुविधा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और उन्होंने संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई हेतु तत्काल निर्देश देने की बात कही। इस संवाद और उपमुख्यमंत्री द्वारा दिए गए सकारात्मक आश्वासन से बीकानेर के सभी वाणिज्यिक वाहन मालिकों में उम्मीद की लहर दौड़ गई है। उन्हें विश्वास है कि जल्द ही फिटनेस प्रमाणपत्र प्रक्रिया को सरल, सुचारू और सुगम बनाने हेतु ठोस कदम उठाए जाएंगे, जिससे उनकी वर्षों पुरानी समस्या का निवारण हो सकेगा।
