झुंझुनूं में गूंजी न्याय की आवाज़:
उपभोक्ता आयोग में 30 दिन का न्यायोत्सव शुरू:
1 लाख लोगों को शपथ दिलाने का लक्ष्य, पहले दिन 5 हजार ने ली
हर खरीद पर बिल लेने का संकल्प
झुंझुनूं, 24 नवंबर। झुंझुनूं में 30 दिवसीय ‘कंज्यूमर्स वॉयस न्यायोत्सव’ का कलेक्ट्रेट में शुभारंभ हुआ।
झुंझुनूं में उपभोक्ता अधिकारों को मजबूत करने और आमजन में जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से सोमवार को 30 दिवसीय कंज्यूमर्स वॉयस न्यायोत्सव का शुभारंभ जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग अध्यक्ष मनोज कुमार मील के सान्निध्य में हुआ। कलेक्ट्रेट परिसर में कार्यक्रम की शुरुआत महात्मा गांधी की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर की गई।
जिला आयोग की ओर से चलाए जा रहे इस अभियान का मुख्य लक्ष्य अधिक से अधिक लोगों को उपभोक्ता अधिकारों, खरीद के बिल लेने की आदत, मानक चिह्नित उत्पादों की पहचान और अनुचित व्यापार व्यवहार की स्थिति में आयोग से न्याय पाने की प्रक्रिया से अवगत कराना है।
कार्यक्रम में आयोग के अध्यक्ष मनोज कुमार मील ने बताया कि यह विशेष अभियान एक महीने तक चलेगा और पूरे जिले में जागरूकता गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा। आयोग का लक्ष्य है कि 1 लाख उपभोक्ताओं को ऑनलाइन और ऑफलाइन माध्यम से उपभोक्ता जागरूकता शपथ दिलाई जाए।
अभियान की पहली ही सुबह लगभग 5000 से अधिक उपभोक्ताओं ने ऑनलाइन व ऑफलाइन शपथ लेकर प्रमाण-पत्र डाउनलोड किए, जिससे आयोग का उत्साह और बढ़ गया है। मील ने कहा, “शुरुआत बहुत अच्छी रही है और हमें पूरा विश्वास है कि 1 लाख का आंकड़ा हम निर्धारित समय से पहले ही हासिल कर लेंगे।”
ऑनलाइन उपभोक्ता जागरूकता शपथ अभियान भी लॉन्च:
कार्यक्रम के दौरान ऑनलाइन उपभोक्ता जागरूकता शपथ अभियान भी लॉन्च किया गया। इसके तहत एक क्यूआर कोड जारी किया गया है, जिसे स्कैन करते ही उपभोक्ता तुरंत शपथ ले सकते हैं और प्रमाण-पत्र डाउनलोड कर सकते हैं।
उपभोक्ता इसे ई-मेल पर भी प्राप्त कर सकते हैं। इस तकनीकी सुविधा ने कार्यक्रम को आधुनिक स्वरूप दिया है और बड़ी संख्या में युवाओं, विद्यार्थियों और सरकारी कर्मचारियों ने सक्रिय रूप से हिस्सा लिया। कई अधिवक्ताओं ने मौके पर ही लोगों को बताया कि रोजमर्रा की खरीदारी में बिल लेने से न सिर्फ उपभोक्ता सुरक्षा बढ़ती है, बल्कि टैक्स चोरी पर भी नियंत्रण होता है।
‘हर खरीद पर हमेशा बिल जरूर लें’:
अध्यक्ष मनोज मील ने कहा कि उपभोक्ता अधिकार सिर्फ कानून की भाषा नहीं, बल्कि हर नागरिक की सुरक्षा का हिस्सा हैं। उन्होंने लोगों को सलाह दी कि किसी भी वस्तु या सेवा की खरीद पर हमेशा बिल लें, उत्पाद के मानक चिन्ह (ISI, AG-MARK आदि) की जांच करें और यदि कोई व्यापारी गलत व्यापार व्यवहार करता है, सेवादोष करता है, तो उपभोक्ता आयोग में शिकायत करके न्याय प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि आयोग का उद्देश्य उपभोक्ता और सेवा प्रदाता के बीच पारदर्शिता स्थापित करना है।
30 दिन में होंगे कई आयोजन:
इस 30 दिवसीय न्यायोत्सव के दौरान जिले के विभिन्न स्थानों पर रंगोली प्रतियोगिता, संगोष्ठी, सेमिनार, जागरूकता रैली, सांस्कृतिक कार्यक्रम और सम्मान समारोह आयोजित किए जाएंगे।
स्कूलों-कॉलेजों में विशेष व्याख्यान आयोजित होंगे, जहां विशेषज्ञ छात्रों को उपभोक्ता संरक्षण कानून, शिकायत प्रक्रिया और डिजिटल सुरक्षा के बारे में जानकारी देंगे। इसके अलावा सोशल मीडिया के माध्यम से भी अभियान को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा। इस अवसर पर जिला अभिभाषक संस्था के अध्यक्ष एडवोकेट सुभाष पूनिया ने धन्यवाद ज्ञापित किया। इस दौरान जिला जनसंपर्क अधिकारी हिमांशु सिंह समेत बड़ी संख्या में अधिवक्तागण मौजूद रहे।
