रजत विजय रंगा
भीम प्रज्ञा न्यूज़.फतेहाबाद।
शिक्षा व्यक्ति के मानसिक और बौद्धिक विकास को बढ़ाती है और शिक्षा समाज व राष्ट्र की प्रगति में अह्म भूमिका निभाती है। शिक्षा के माध्यम से व्यक्ति ज्ञान, मूल्य और कौशल प्राप्त करता है, जिससे वह आत्मनिर्भर और समाज का एक जिम्मेदार नागरिक बनता है। यह बात शांति निकेतन स्कूल, ढिंगसरा के प्रधानाचार्य रणसिंह जी रेपस्वाल व डायरेक्टर विजय सिंह बाघेला ने कक्षा तीसरी से कक्षा 8वीं तक के विद्यार्थियों के आयोजित विज्ञान क्विज प्रतियोगिता के दौरान कही। उन्होंने बताया हमारे स्कूल का इतिहास रहा है कि वह बच्चों में छुपी प्रतिभा को पहचानकर उन्हें सही मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित करता है। आज इसी कड़ी को दोहराते हुए शांति निकेतन स्कूल एक नई सोच के साथ विद्यालय में विज्ञान क्विज प्रतियोगिता का आयोजन करवा रहा है, जिसका मुख्य उद्देश्य बच्चों में ज्ञान के साथ-साथ आत्मविश्वास को बढ़ावा देना है। उन्होंने बताया कि सबसे पहले कक्षा छठी से कक्षा 8वीं तक के विद्यार्थियों की उनके पूरे विज्ञान विषय की लिखित परीक्षा ली गई, जिसमें से प्रत्येक कक्षा में टॉप 2 बच्चों का इस प्रतियोगिता के लिए चयन किया गया। इस प्रतियोगिता के लिए 6-6 बच्चों की अब्दुल कलाम, विलियम्स गिलवर्ट, रोबर्ट हुक व अल्वर्ट आईंसटीन नाम से 4 टीमें बनाई गई। यह प्रतियोगिता डिजिटल बोर्ड के माध्यम से 10 राउंड में सम्पन्न करवाई गई, जिसमें कक्षा छठी से कक्षा 8वीं तक की विज्ञान प्रतियोगिता में रोबर्ट हुक टीम ने प्रथम, अल्वर्ट आईंसटीन टीम ने द्वितीय व विलियम्स गिलवर्ट टीम ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
इसके अतिरिक्त कक्षा तीसरी से कक्षा पाँचवी तक के विद्यार्थियों को यूरी गगारिन, कल्पना चावला, सुनीता विलियम्स व राकेश शर्मा जैसे महान वैज्ञानिकों के नाम की टीम से संबोधित किया गया और इस प्रतियोगिता में कल्पना चावला टीम ने प्रथम, यूरी गगारिन टीम ने द्वितीय व राकेश शर्मा टीम ने तृतीय स्थान प्राप्त किया और इन प्रतियोगिताओं में विजेता टीम को नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। उन्होंने सभी बच्चों के अभिभावकों से आह्वान किया कि वे ऐसी प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए अपने बच्चों को ज्यादा से ज्यादा प्रेरित करें, ताकि उनके ज्ञान व आत्मविश्वास में बढ़ोतरी हो सके।
