भीम प्रज्ञा न्यूज़ पचेरी।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) पचेरी कलां में एक बार फिर मरीजों की भीड़ देखने को मिल रही है। लंबे समय तक चिकित्सक का पद रिक्त रहने के कारण अस्पताल में आने वाले मरीजों को उपचार नहीं मिल पाता था और उन्हें निराश होकर लौटना पड़ता था। अब डॉ. दीपक कुमार मीणा के पदभार ग्रहण करने के बाद अस्पताल में मरीजों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। डॉ. दीपक कुमार मीणा ने बताया कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को बुनियादी स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने वाली महत्वपूर्ण सरकारी स्वास्थ्य इकाई है। यहां सामान्य बीमारियों का उपचार, टीकाकरण, गर्भवती महिलाओं की जांच, प्रसव संबंधी सेवाएं तथा स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम संचालित किए जाते हैं।
उन्होंने बताया कि अस्पताल में वर्तमान में कुल सात कर्मचारियों का स्टाफ कार्यरत है, जिसमें एक चिकित्सक, दो नर्सिंग स्टाफ, एक फार्मासिस्ट, एक एएनएम, एक एनएचबी कर्मचारी तथा एक डाटा ऑपरेटर शामिल हैं। ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय तक चिकित्सक नहीं होने से मरीजों को मजबूरन निजी अस्पतालों का रुख करना पड़ता था, जिससे उन्हें आर्थिक बोझ भी झेलना पड़ता था। अब अस्पताल में नियमित चिकित्सकीय सेवाएं मिलने से लोगों को स्थानीय स्तर पर ही उपचार की सुविधा उपलब्ध हो रही है। पचेरी कलां पीएचसी क्षेत्र के लगभग 37 गांवों की स्वास्थ्य आवश्यकताओं को पूरा करता है। इसके अलावा थाना पचेरी कलां से जुड़े मेडिकल परीक्षण और अन्य चिकित्सकीय कार्य भी यहीं संपन्न होते हैं। पहले इन कार्यों के लिए पुलिस और आमजन को अन्य स्थानों पर जाना पड़ता था, लेकिन अब स्थानीय स्तर पर ही सुविधाएं उपलब्ध होने से लोगों को काफी राहत मिली है।
ग्रामीणों ने अस्पताल में चिकित्सक की नियुक्ति पर खुशी जताते हुए स्वास्थ्य विभाग से भविष्य में भी पर्याप्त स्टाफ और सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की है।
