*भीम प्रज्ञा न्यूज़ | पचेरी*

बुहाना उपखंड के गांव सहड़ का बास निवासी युवा रोहित चौरा पुत्र भूप सिंह ने अपनी कड़ी मेहनत, लगन और लक्ष्य के प्रति अटूट समर्पण के बल पर सरकारी सेवा में सफलता का नया मुकाम हासिल किया है। ग्रामीण परिवेश से निकलकर रोहित ने अपनी प्रतिभा और निरंतर परिश्रम के दम पर ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड में प्रशासनिक अधिकारी, प्रथम श्रेणी अधिकारी के पद पर चयन प्राप्त किया है। वर्तमान में वे प

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द का प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। प्रशिक्षण पूर्ण होने के बाद वे राजस्थान में अपनी सेवाएं देंगे।

*एक साथ कई प्रतिष्ठित सेवाओं में चयन*

रोहित की सफलता की खास बात यह है कि उनका चयन एक नहीं, बल्कि कई प्रतिष्ठित सरकारी दे सेवाओं में हुआ है। राजस्थान ग्रामीण बैंक तथा गृह मंत्रालय में सहायक केंद्रीय आसूचना अधिकारी, श्रेणी द्वितीय, कार्यकारी पद पर भी उनका चयन हुआ है। इससे पहले वे सेना में अधिकारी तथा कर्मचारी चयन आयोग की संयुक्त स्नातक स्तरीय परीक्षा के माध्यम से आसूचना ब्यूरो में भी चयनित हो चुके हैं। राजस्थान ग्रामीण बैंक में बैंक मैनेजर की नौकरी छोड़कर इंश्योरेंस सेवा में आए हैं।

हालांकि बीमा सेवा के क्षेत्र में विशेष रुचि होने के कारण रोहित ने ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड में पद ग्रहण कर अपने सेवाकाल की शुरुआत की है।

*पांच वर्षों की मेहनत ने दिखाई राह*

रोहित ने इस मुकाम तक पहुंचने के लिए करीब पांच वर्षों तक लगातार कठिन परिश्रम किया। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान उन्होंने कई अवसरों पर सफलता हासिल की, लेकिन अपने लक्ष्य को और बेहतर बनाने की दिशा में प्रयास जारी रखा। उनकी सफलता इस बात का प्रमाण है कि लक्ष्य स्पष्ट हो, मेहनत निरंतर हो और असफलताओं से सीखने का जज्बा हो तो सफलता की मंजिल दूर नहीं रहती।

*ग्रामीण मिट्टी से निकली प्रतिभा ने बढ़ाया गांव का मान*

सहड़ का बास जैसे ग्रामीण क्षेत्र से निकलकर रोहित का प्रतिष्ठित सरकारी सेवा में पहुंचना पूरे गांव के लिए गर्व का विषय है। गांव के लोगों का कहना है कि क्षेत्र में शिक्षा के प्रति बढ़ती जागरूकता के कारण अब ग्रामीण प्रतिभाएं भी विभिन्न सरकारी सेवाओं में अपनी पहचान बना रही हैं।

करीब तीन दशक पहले सहड़ का बास गांव के अधिकांश परिवारों के लिए रोजगार के साधन सीमित थे। अनेक लोग ईंट भट्टों पर मजदूरी तथा जंगलों और नहरों में खुदाई जैसे श्रम आधारित कार्यों से जुड़े हुए थे। समय के साथ शिक्षा ने गांव की तस्वीर बदलनी शुरू की और आज यहां के युवा सरकारी सेवा, हस्तशिल्प, व्यापार तथा विभिन्न व्यवसायों की ओर कदम बढ़ा रहे हैं। रोहित चौरा की उपलब्धि इसी बदलते ग्रामीण परिवेश की एक प्रेरणादायी तस्वीर है।

*पिता की सेवाभावना से मिली प्रेरणा*

रोहित के पिता भूप सिंह भारतीय वायुसेना में प्रशासनिक अधिकारी के रूप में करीब 36 वर्षों से अपनी सेवाएं दे रहे हैं। वर्तमान में वे कानपुर में कार्यरत हैं। पिता की अनुशासनप्रियता, सेवाभाव और कार्य के प्रति समर्पण ने रोहित के व्यक्तित्व को भी प्रभावित किया।

उनकी माता संजना देवी गृहिणी हैं, जबकि छोटा भाई मोहित चौरा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा है। रोहित के दादा हेमराज एवं दादी बादामा देवी ने पोते की सफलता पर खुशी जताते हुए इसे पूरे परिवार के लिए गौरव का क्षण बताया।

*युवाओं के लिए प्रेरणा बनी रोहित की कहानी*

रोहित चौरा की कहानी केवल सरकारी नौकरी हासिल करने की कहानी नहीं है, बल्कि यह धैर्य, अनुशासन, लक्ष्य और निरंतर मेहनत की कहानी है। एक के बाद एक प्रतिष्ठित सेवाओं में चयन प्राप्त कर उन्होंने ग्रामीण क्षेत्र के युवाओं के सामने सफलता का प्रेरणादायी उदाहरण प्रस्तुत किया है।

उनकी उपलब्धि उन युवाओं के लिए विशेष संदेश है जो प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं। संसाधनों की कमी या ग्रामीण परिवेश को सफलता के रास्ते में बाधा मानने के बजाय यदि युवा सही दिशा में निरंतर मेहनत करें तो वे किसी भी ऊंचाई को हासिल कर सकते हैं।

*पिता के पदचिह्नों पर चलकर पूरा किया दादा-दादी का सपना*

रोहित ने अपनी सफलता के माध्यम से अपने माता-पिता का नाम रोशन करने के साथ-साथ दादा-दादी के सपनों को भी साकार किया है। परिवार और ग्रामीणों का कहना है कि रोहित की उपलब्धि गांव के अन्य बच्चों को भी उच्च शिक्षा और सरकारी सेवाओं की तैयारी के लिए प्रेरित करेगी।

*ग्रामीण युवाओं के लिए उम्मीद की नई किरण*

रोहित चौरा की सफलता यह संदेश देती है कि प्रतिभा किसी शहर की मोहताज नहीं होती। गांव की मिट्टी में पला-बढ़ा युवा भी अपनी मेहनत और लगन के बल पर देश की प्रतिष्ठित सेवाओं में स्थान बना सकता है। आवश्यकता केवल लक्ष्य निर्धारित करने, सही दिशा में आगे बढ़ने और कठिन परिस्थितियों में भी हिम्मत न हारने की है।

रोहित चौरा की इस उपलब्धि पर सहड़ का बास के समस्त ग्रामीणों एवं दैनिक भीम प्रज्ञा के पाठक परिवार ने हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की मंगलकामना की है। उनकी सफलता निश्चित रूप से गांव और क्षेत्र के अनेक युवाओं के लिए आगे बढ़ने की प्रेरणा बनेगी।